यूपी में बसों के ड्राइवरों की शराब पीने की जांच शुरू

हर साल भारत वर्ष में लगभग 150000 लोग सड़क दुर्घटनाओं में अपनी जान गवां देते हैं अगर औसत लगाया जाए तो लगभग 400  लोग प्रतिदिन सड़क दुर्घटनाओं में मारे जाते हैं। वहीँ यूपी में पिछले साल 22256 लोगों ने अपनी जान गवाँई।

हाल ही में यमुना एक्सप्रेसवे पर हुई भीषण सड़क दुर्घटना के बाद यूपी सरकार ने रोडवेज बस में यात्रियों की सुरक्षा को लेकर बड़ा कदम उठाया है।  यूपी राज्य सड़क परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक डॉ. राजशेखर ने बताया कि यात्रियों को सुरक्षित सफर कराने एवं दुर्घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए निगम के नियमित, संविदा एवं अनुबंधित बसों के ड्राइवर की शराब पीने की जांच शुरू कर दी गई है।

डॉ. राजशेखर ने बताया कि आदेश में कहा गया है कि बस ड्राइवर के ड्यूटी पर जाने से पहले और वापस आने पर उसकी ब्रीथ एनलाइजर से शराब पीने की जांच की जाए। ड्राइवर के शराब पीने की पुष्टि होने पर नियमित ड्राइवर को तत्काल निलंबित और संविदा ड्राइवर को बर्खास्त किया जाएगा।
इस कार्रवाई की रिपोर्ट रोजाना मुख्यालय भी भेजनी होगी। परिवहन निगम 250 ब्रीथ एनलाइजर खरीदेगा। प्रबंध निदेशक ने सभी क्षेत्रीय प्रबंधकों को आदेश दिए हैं कि इसे दो हफ्ते में खरीद लिए जाए।

लेकिन गौर करने की बात ये है कि यह नियम सिर्फ परिवहन विभाग के ड्राइवर पर ही लागू होगा। अगर सड़क दुर्घटनाओं के प्रति सरकार इतनी ही गंभीर है तो उसे ये नियम सभी वाहनों पर लागू करना होगा।

चीयर्स डेस्क 

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