’कबीर सिंह’ का दर्द और हालात को बयान करने में शराब

शराब और सिगरेट के बोल्ड इस्तेमाल को लेकर आलोचना झेल रही आने वाली फिल्म ’कबीर सिंह’ को लेकर तैयारियां कर रहे शाहिद कपूर ने कहा कि फिल्म में शराब और सिगरेट का इस्तेमाल सिर्फ कहानी के चरित्र के दर्द को बताने के लिए किया गया है। इस बारे में शाहिद का कहना है कि दर्शकों को इन चीजों की तरफ बिल्कुल आकर्षित नहीं होना चाहिए।

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हाल ही में शाहिद ने अदाकारा कियारा आडवाणी के साथ इस फिल्म का ट्रेलर लॉन्च किया। यह फिल्म तेलुगू फिल्म अजुर्न रेड्डी की हिंदी रीमेक है। फिल्म को शराब, ड्रग्स, सिगरेट और अभद्र भाषा के लिए जाना जाता है। हालांकि इसके बारे में कहा गया था जिस पृष्ठभूमि की बात हो रही है उसके अनुसार जो दिखाया गया है वह गलत नहीं है।

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शाहिद ने अपने किरदार के बारे में बात करते हुए कहा, यह एक बहुत ही खास फिल्म है। यह सीधे दिल से है। मुझे लगता है कि सबसे अच्छी फिल्में वे हैं जो सीधे दिल से जुड़ जाती हैं। कबीर सिंह एक गहन प्रेम और सुंदर प्रेम की कहानी है और कृपया इस बात से आकर्षित न हों कि फिल्म में शराब, सिगरेट जैसी चीजें दिखाई गईं हैं। उन्होंने कहा, कभी कभी एक आदमी जिस दर्द से गुजरता है उसे दिखाने के लिए, दर्शकों को समझने में मदद करने के लिए कुछ चीजों का उपयोग करने की आवश्यकता होती है और फिल्म में बहुत ईमानदारी है। शाहिद ने कहा कि ’उड़ता पंजाब’ और ’हैदर’ में उनके चरित्रों से लगातार तुलना की जा रही है हालांकि कबीर सिंह की भूमिका मेरे इससे पहले निभाए गए पात्रों से बहुत अलग है कबीर सिंह का निर्देशन संदीप वांगा ने किया है और यह फिल्म 21 जून को रिलीज होगी।

अर्जुन रेड्डी में अर्जुन रेड्डी का किरदार विजय देवरकोंडा ने निभाया है। फिल्म में उनका किरदार मैंगलोर के सेंट मैरी मेडिकल कॉलेज के होनहार लेकिन रंगबाज छात्र की है। अर्जुन रेड्डी में दिखाया गया है कि वो बेहद शानदार स्टूडेंट हैं। लेकिन ब्रिलियंट स्टूडेंट होने के बावजूद गुस्सा उन पर हमेशा हावी हो जाता है। पूरे कॉलेज में अर्जुन से सभी डरते हैं। उनका डंका बजता है। इसी बीच अर्जुन की मुलाकात होती है फर्स्ट ईयर की स्टूडेंट प्रीति शेट्टी (शालिनी पांडे) से होती है और उन्हें पहली नजर में ही उनसे प्यार हो जाता है। बता दें कि अर्जुन फाइनल ईयर के स्टूडेंट हैं।

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दोनों के बीच जाति आ जाती है, दोनों की जातियां अलग अलग हैं। प्रीति के घर वाले अर्जुन के खिलाफ जो बन पड़ता है करते हैं। जबरदस्ती उसकी शादी अपनी जाति के किसी लड़के से करवाते हैं। इसके बाद ही अर्जुन को नशे की लत पड़ जाती है। वो हमेशा नशे में डूबा रहता है। ड्रग्स या शराब पीकर ऑपरेशन करता है और डीहाइड्रेशन की वजह से गिर जाता है। अर्जुन पर मुकदमा चलता है। अर्जुन पागलों की तरह इधर उधर भटकता है। हालांकि बाद में वो घर चला आता है। फिल्म के आखिर में अर्जुन को पता चलता है कि प्रीति ने किसी से शादी नहीं की होती है वो ऐन मौके पर शादी तोड़ देती है और अर्जुन के बच्चे की मां बनने वाली है।

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जब अर्जुन को इस बात की जानकारी होती है दोनों फिर से साथ हो जाते हैं और खुशी खुशी जिंदगी बसर करने लगते हैं। अब देखना दिलचस्प होगा कि कबीर सिंह की कहानी अर्जुन रेड्डी से कितना मेल खाती है। क्योंकि कबीर सिंह के टीजर और नए पोस्टर में दिखाए गए सीन अर्जुन रेड्डी के हूबहू हैं।

चीयर्स डेस्क

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