थानाध्यक्ष की गाड़ी से अवैध शराब बरामद, लीपापोती में जुटी पुलिस

बिहार में शराब बंदी के बाद सीमावर्ती इलाकों में शराब की तस्करी बढ़ गई है। हरियाणा निर्मित शराब की बिहार में जमकर तस्करी की जा रही है। अभी इसी साल की फरवरी महीने में कुशीनगर जनपद के तरयासुजान थाना क्षेत्र में शराब पीने से 11 लोगों की मौत हो गई थी जिसमें सीओ, थानाध्यक्ष सहित पांच पुलिसकर्मियों को निलंबित कर दिया गया था लेकिन इतनी बड़ी कार्रवाई के बाद भी यह अवैध कारोबार रुकने का नाम नहीं ले रहा है। सोमवार की रात एक ऐसा सनसनीखेज मामला सामने आया है जिसे सुनकर आपके होश उड़ जाएंगे।

यह भी पढ़े-  यूपी शराब बिक्री घोटाले की सतर्कता जांच जरूरी

कुशीनगर के कसया थाना क्षेत्र में सीओ तमकुहीराज द्वारा छापेमारी में थानाध्यक्ष कसया की निजी स्कार्पियो गाड़ी से शराब बरामद हुई है। इस गाड़ी के साथ थाने के चौकीदार भी पकड़े गए लेकिन पुलिस इतने गंभीर मामले को दबाने में जुटी है। पकड़े गए शराब से जुड़ा एक एक्सक्लुसिव वीडियो हाथ लगा है जिसमे पकड़े गए व्यक्ति बता रहे हैं कि थाने के सिपाहियों ने शराब गाड़ी में रखवाई थी। इस मामले में पुलिस अधीक्षक ने कुछ भी बोलने से मना कर दिया। लेकिन शराब के साथ पकड़ी गई स्कार्पियो की फोटो लीक हो गई। अब पुलिस के हाथ पांव फूल रहे हैं। कुशीनगर जनपद बिहार सीमा से सटी होने के कारण यहां अवैध शराब की तस्करी जमकर होती है। यहां नेशनल हाईवे छह थाना क्षेत्रों से होकर गुजरता है। इसमें से चार थानों पर हमेशा तस्करी को लेकर सवाल उठते रहते हैं। हर बार बड़ा सवाल खड़ा होता है कि क्या पुलिस शराब तस्करी में शामिल है। कल की बरामदगी ने इस बात की पुष्टि कर दी है कि बिना पुलिस की मिलीभगत के तस्करी करना संभव नहीं है। पकड़ी गई स्कार्पियो गाड़ी के नंबर प्लेट पर उत्तर प्रदेश सरकार लिखा है और यूपी पुलिस का निशान भी बना है।

illegal-liquor-recovered-from-private-vehicle-of-police-officer-in-kushinagar

अब मामला पुलिस का खुद से जुड़ा है तो विभाग इसको मैनेज करने में जुटा हुआ है। इस मामले में कोई उच्चाधिकारी कुछ भी बोलने से मना कर रहे हैं। पुलिस क्षेत्राधिकारी तमकुहीराज राणा महेंद्र प्रताप सिंह ने बात करने पर सिर्फ इतना बताया कि मुझे मुखबिर से सूचना मिली कि कसया थाना क्षेत्र में थाने के सामने अवैध शराब की एक ट्रक उतरने वाली है। सूचना पर पुलिस अधीक्षक से वार्ता के बाद स्वाट टीम लेकर मैं मौके पर पहुंचा तो ट्रक अवैध शराब बरामद किया जो बिहार जा रही थी, साथ भी एक स्कार्पियो गाड़ी नंबर UP-65,BJ-9700 भी पकड़ लिया जिसमे अवैध शराब की एक बड़ी खेप पकड़ी गई। इसके साथ मनीष सिंह नाम का शराब माफिया भी पकड़ा गया। पुलिस क्षेत्राधिकारी ने बताया कि मैंने गाड़ी पकड़ी है चूंकि मामला कसया थाना क्षेत्र का था इसीलिए कसया थाने को शराब सहित गाड़ी सुपुर्द कर दिया गया। आगे की कार्रवाई थाने की पुलिस को करनी है। अवैध शराब के साथ पकड़ी गई स्कार्पियो गाड़ी परिवहन विभाग के कागजों में ममता सिंह के नाम से रजिस्टर्ड है। इसके आगे उन्होंने कुछ भी बताने से मना कर दिया।

यह भी पढ़े- शराब बिक्री में यूपी को 10 साल में 24 हजार का घाटा

इंस्पेक्टर की शराब तस्करी की खबर को एससी एसटी आयोग के अघ्यक्ष पूर्व डीजीपी बृजलाल जी ने बताया गंभीर उन्होंने कहा यह यदि ये समाचार सही है तो यह बड़ी गम्भीर घटना है। बिहार में शराबबंदी के कारण यूपी के सीमवरती जिलों में यह अवैध धंधा काफ़ी लाभदायकहै। अख़बार में लिखा है की जो गाड़ी पकड़ी गई है वो है इन्स्पेक्टर की पत्नी नाम से है और अवैध शराब पकड़े जाने पर वहाँ के इन्स्पेक्टर ने इस शराब को पकड़ने वाले कर्मियों से उलझ कर करवाई में बाधा पहुँचाई ।इस घटना में लाइन हाज़िर करना कोई सज़ा नहीं है ।यदि जाँच में यह तथ्य सही पाए जाते हैं तो तुरंत मुक़दमा क़ायम होना चाहिए और क़ानूनी कार्रवाई के अतिरिक्त तत्परता से विभागीय कार्रवाई करके उसे सेवा से बाहर कर देना चाहिए। यह भ्रष्ट पुलिस कर्मियों के लिए एक गम्भीर संदेश साबित होगा अन्यथा ग़लत संदेश जायेगा।

चीयर्स डेस्क

loading...
Close
Close