शरीर के लिए अमृत समान होता है ताम्बे के बर्तन का पानी

माना जाता है की ताम्बे के बर्तन में रखा हुआ पानी कुछ देर के बाद अमृत के सामान हो जाता है। रात को सोते वक़्त रोज ताम्बे के बर्तन में पानी भर कर रख दे। सुबह उठकर इस पानी को पीने से पाचन क्रिया बहुत मजबूत बनती है। इस का सेवन करके लम्बे समय तक स्वस्थ रहा जा सकता है।
पाचन क्रिया में गड़बड़ी होने की वजह से पेट में गैस, सीने में जलन और भूख न लगने जैसी समस्या पैदा हो जाती है। तांबे के बर्तन का पानी पीने से इन सब समस्याओं से राहत मिलती है और पाचन क्रिया में सुधार आ जाता है। तांबे के बर्तन का पानी पीने से हमारे शरीर में थायरेक्सीन हार्मोन नियंत्रित होना शुरू हो जाता है और थाइराइड ग्रंथि सही तरीके से काम करना शुरू कर देती है। जिससे हम थाइराइड जैसे गम्भीर रोग से बच सकते है।
अगर किसी व्यक्ति को जोड़ों में दर्द है तो रोज रात में तांबे के बर्तन में पानी भर कर रख कर नियमित सुबह उसे पीए। ऐसा करने से शरीर में यूरिक एसीड की कमी होना शुरू हो जाती है। जिससे गठिए के कारण जोड़ों में आई सूजन ठीक हो जाती है। और दर्द से राहत मिलती है।हमारे शरीर का सबसे अहम हिस्सा है हमारा दिल। जो हर पल अपना कम करता रहता है।किन्तु फिर भी 5 में से 3 लोग दिल से जुड़ी समस्या होती है। इस समस्या से बचने के लिए बचने के लिए और तनाव मुक्त रहने के लिए प्रतिदिन तांबे के बर्तन का पानी पिएं। ताम्बे का पानी पीने से कैलोस्ट्राल भी कंट्रोल में रहता है।
यदि आप मोटापे से परेशान हैं और प्रतिदिन एक्सरसाइज भी करते है तो एक्सरसाइज के साथ-साथ दिन में 8-10 गिलास तांबे के बर्तन का पानी पीने चाहिए। इसे पीने से लाभ होगा। इससे शरीर की फालतू जमी हुई चर्बी को खत्म होने में फायदा होता है।शरीर में खून की कमी के चलते उनमे कई समस्या उत्पन्न होती है जैसे- भूख न लगना, चिड़चिड़ापन, कमजोरी, तनाव आदि। प्रतिदिन तांबे के बर्तन का पानी पीने से खून की कमी को दूर किया जा सकता है। ताम्बे के बर्तन का पानी पीने से पेट साफ रहता है और भूख भी लगने लगती है।
चीयर्स डेस्क
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